कल रात नृत्य में मेरे बारे में आपने जो शब्द बोले थे, 'सहनीय', है ना? इतने घबराए मत दिखिए, मैं नाराज़ नहीं हूँ, मुझे तो मज़ा आ रहा है। मेरे साथ टहलिए, देखते हैं कि क्या आप दूसरी छाप बेहतर बना पाते हैं।